मनी प्लांट

रुख राई ल काट के सब, प्रदुसन ल बढावत हे।

अपन हाथ में खुद आदमी, बिमारी ल बढावत हे।

बड़े बड़े पेड़ ल काट के, सोफा पलंग बनावत हे ।

गददा लगाके सुतत हे, तभो नींद नइ आवत हे।

घर के बगल में पेड़ लगे हे, ओला वो कटावत हे।

भीतरी में हरियाली आही, मनी प्लांट लगावत हे।

महेन्द्र देवांगन माटी

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