अभिलाषा Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps - September 25, 2018 अभिलाषा ( ताटंक छन्द ) मातृभूमि पर शीश चढाऊँ, एक यही अभिलाषा है । झुकने दूंगा नहीं तिरंगा , मेरे मन की आशा है ।।1। नित नित वंदन करुँ मै माता, तुम तो पालन हारी हो । कभी कष्ट ना ... Read more