नमन करें ( ताटंक छंद) नमन करें हम मातु पिता को , श्रद्धा सुमन चढाते है । नमन करें हम गुरु चरणों को , हमको राह दिखाते हैं ।।1।। नमन करें हम धरती अंबर , सूरज चाँद सितारों को । नमन करें परिवार जनों को , सुख दुख के सब प्यारों को ।।2।। नमन करें हम देवी देवत , जग के पालन हारी को । नमन करें हम पशु पक्षी को , उड़ते सब नभचारी को ।।3।। नमन करें हम अरुण वरुण को , सबके जीवन दाता हैं । नमन करें हम मातृभूमि को , जो हम सबकी माता है ।।4।। नमन करें पर्वत पठार को , नदियाँ झरने घाटी को । नमन करें हम इस वसुधा के, कण कण पावन माटी को ।।5।। महेन्द्र देवांगन माटी पंडरिया (कवर्धा) छत्तीसगढ़ Mahendra Dewangan Mati 25/09/18 16 + 14 = 30 मात्रा पदांत 3 गुरु